June 15, 2021

मध्यप्रदेश की प्रमुख लोकचित्र कला

madhya pradesh folk painting

यहाँ पर मध्य प्रदेश की प्रमुख लोकचित्र कला (Madhya Pradesh Folk Painting) के बारे में सम्पूर्ण सूची तैयार की है। भित्तिचित्र कला (Mural) सबसे पुरानी चित्रकला है। लोक एवं आदिवासी जातियों द्वारा अभ्यास की जाने वाली ऐसी लोक कला है जो गांव की औरतों के द्वारा वहां की कच्ची मिट्टी से बनी झोपड़ियों की दीवारों पर गोबर, चाक मिट्टी, गोबर आदि को मिलाकर की जाती है। घर की दीवारें मूर्तियों, जालियों, विविध आकल्पनों और भिति के कलात्मक रूप से सुसज्जित की जाती है।

सुदूर आदिवासीय क्षेत्रों में जहाँ कि सजावट आदि के साधन अपर्याप्त होते थे, लोग वहाँ प्रचलित विभिन्न त्योहारों व धार्मिक अवसरों के समय अपने घरों की सज्जा हेतु दीवारों में कच्ची मिट्टी द्चारा पेड़-पौधों, पशु-पक्षियों आदि के आकृतियां बनाकर व उनमें बहुत ही मनोरम रंगों से रंगकर अपने घरों को सजाते हैं।

मध्यप्रदेश की प्रमुख लोकचित्र कला (Major folk art of Madhya Pradesh)

लोकचित्र कलाअंचल (क्षेत्र)   विशेषता
मोरते बुंदेलखंडविवाह के समय मुख्य दरवाजे पर पुतरी का भित्ति चित्र
मोरईलाबुंदेलखंड,बघेलखंडदीवारों पर विभिन्न रंगों से मोर के भित्ति चित्र बनाए जाते हैं
तिलंगाबघेलखंडकोयले में तिल्ली के तेल को मिलाकर तिलंगा का भित्ति चित्र बनाया जाता है
मंडानामालवा, निमाड़भूमि अलंकरण के रूप में मंडाना को त्योहारों विशेष रूप से दीपावली के समय घर अंगने में बनाया जाता है
पगलियानिमाड़पहले शिशु जन्म पर शुभ संदेश का रेखांकन किया जाता है
सुरेती बुंदेलखंडदिवाली में लक्ष्मी पूजा के समय बनाया जाने वाला भित्ति चित्र
नौरता/नवरत्न बुंदेलखंड ,निमाड़नवरात्रि में मिट्टी गेरू हल्दी से कुंवारी कन्याओं द्वारा बनाया जाने वाला भित्ति चित्र
मामूलिया बुंदेलखंडनवरात्रि में गोबर से कुंवारी कन्याओं द्वारा बनाया जाने वाला भित्ति चित्र
अगरोहनबुंदेलखंड,बघेलखंडबधू मंडप में विवाह के अवसर पर बनाए जाते हैं
निऊराबघेलखंडभादो की नवमी को सुहागिन महिलाएं पारंपरिक भित्ति चित्र बनाकर पूजा करती हैं
नाग भित्तिचित्र संपूर्ण मध्य प्रदेश नाग पंचमी पर दीवारों पर गिरी से नाग नागिन का भित्ति चित्र बनाए जाते हैं
ईरतनिमाड़ विवाह में कुल देवी का भित्ति चित्र बनाकर पूजा की जाती है
कंचाली भरनानिमाड़विवाह के अवसर पर दूल्हा-दुल्हन के मस्तक पर कंचाली भरी जाती है
चित्रावण मालवाविवाह के समय घर की मुख्य दीवार पर बनाया जाने वाला भित्तिचित्र
गुदनासंपूर्ण मध्यप्रदेशहाथ पैर एवं शरीर के विभिन्न हिस्सों में गुदना गोदवा आया जाता है
कोहबरबघेलखंड  वैवाहिक अनुष्ठान भित्ति चित्र है
छठी चित्र बघेलखंड शिशु जन्म के छठवें दिन छठी माता का गीत उसे भित्ति चित्र बनाया जाता है
खोपड़ी पूजननिमाड़ देव प्रबोधिनी ग्यारस को खोपड़ी पूजन किया जाता है
जिरोतीनिमाड़हरियाली अमावस्या को भित्ति चित्र बनाया जाता है
सांझाफूलीसंपूर्ण मध्यप्रदेश कुवार मास में कुंवारी लड़कियों द्वारा बनाया गया भित्ति चित्र
थापानिमाड़शैली सप्तमी पर हाथ का थापा लगाया जाता है
स्त्रोत:- मध्यप्रदेश जनरल नॉलेज बुक एवं इंटरनेट

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